कैंसर की इलाज को इतना ज्यादा सस्ता करने जा रही थी यह महिला वैज्ञानिक के एक सरदर्द की गोली के अंदर इसका इलाज होता।मगर एक साज़िश के तहत उसे मारदिया गया डॉ. समीरा मौसा ।
कैंसर की इलाज को इतना ज्यादा सस्ता करने जा रही थी यह महीला वैज्ञानिक के एक सरदर्द की गोली के अंदर इसका इलाज होता। डॉ. समीरा मौसा समीरा मौसा (3 मार्च, 1917 - 5 अगस्त, 1952) मिस्र की पहली परमाणु भौतिक विज्ञानी थीं। समीरा ने परमाणु विकिरण में डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त की। उन्हें उम्मीद थी कि उनके काम से एक दिन सस्ती चिकित्सा उपचार और परमाणु ऊर्जा का शांतिपूर्ण उपयोग होगा। उन्होंने शांति सम्मेलन के लिए परमाणु ऊर्जा का आयोजन किया और एक कॉल को प्रायोजित किया जिसने "शांति के लिए परमाणु" बैनर के तहत एक अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन स्थापित किया। वह काहिरा विश्वविद्यालय में काम करने वाली पहली महिला थीं। मुस्लिम ख़्वातीन वैज्ञानिकों का ज़िक्र हो और समेरा मौसा का ज़िक्र न हो तो ये एक बहुत बड़ी नाइंसाफी होगी. 1917 के अंदर पैदा होने वाली मिस्री न्युक्लियर वैज्ञानिक जिन्हें मिस्र में न्युक्लियर की मां भी कहा जाता है. उन की वैसे तो बहुत से अविष्कार है. मगर उनकी सबसे खास अविष्कार बहुत कम लागत में बनने वाला एट्मबम फार्मूला था. इस के अलावा वो मेडिकल फील्ड के अंदर न्युक्लियर स...